Pradhan Mantri Shram Yogi Maan-Dhan Yojana/प्रधानमंत्री श्रम-योगी मानधन योजना (PM-SYM) – पूरी जानकारी | पेंशन योजना 2026

📝 प्रस्तावना
प्रधानमंत्री श्रम-योगी मानधन योजना (PM-SYM) भारत सरकार की एक महत्वपूर्ण सामाजिक सुरक्षा और पेंशन योजना है, जिसे असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों को वृद्धावस्था संरक्षण प्रदान करने के उद्देश्य से शुरू किया गया है। यह योजना 60 वर्ष की आयु के बाद ₹3000 मासिक पेंशन की गारंटी देती है।
यह योजना प्रारंभिक परीक्षा (Prelims) और मुख्य परीक्षा (GS Paper-2: सरकारी नीतियाँ एवं हस्तक्षेप) दोनों के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है।
📌 योजना का संक्षिप्त विवरण (Prelims Facts)
| विषय | विवरण |
|---|---|
| योजना का नाम | प्रधानमंत्री श्रम-योगी मानधन योजना |
| आरंभ वर्ष | 2019 |
| नोडल मंत्रालय | श्रम और रोजगार मंत्रालय |
| लाभार्थी | असंगठित क्षेत्र के श्रमिक |
| पेंशन राशि | ₹3000 प्रति माह (60 वर्ष के बाद) |
| योगदान | लाभार्थी : सरकार = 50 : 50 |
| क्रियान्वयन | सभी राज्य एवं केंद्र शासित प्रदेश |
| पेंशन फंड मैनेजर | भारतीय जीवन बीमा निगम (LIC) |
🎯 योजना का उद्देश्य
प्रधानमंत्री श्रम-योगी मानधन योजना का मुख्य उद्देश्य है:
- असंगठित श्रमिकों को वृद्धावस्था में आर्थिक सुरक्षा प्रदान करना
- सामाजिक सुरक्षा कवरेज को मजबूत करना
- गरीब एवं कम आय वर्ग के श्रमिकों को न्यूनतम सुनिश्चित पेंशन देना
👷 असंगठित श्रमिक कौन हैं?
असंगठित श्रमिक (Unorganized Workers – UW) वे श्रमिक हैं जो संगठित क्षेत्र की सामाजिक सुरक्षा योजनाओं से बाहर हैं।
इनमें शामिल हैं:
- घरेलू कामगार
- स्ट्रीट वेंडर्स
- रिक्शा चालक
- कृषि एवं निर्माण श्रमिक
- बीड़ी, हथकरघा, चमड़ा श्रमिक
- मोची, धोबी, कचरा बीनने वाले
- ईंट भट्ठा मजदूर, हेड लोडर
📊 तथ्य:
- भारत में लगभग 42 करोड़ असंगठित श्रमिक हैं
- ये श्रमिक GDP का लगभग 50% योगदान करते हैं
💰 अंशदान (Contribution Structure)
यह एक स्वैच्छिक एवं अंशदायी पेंशन योजना है।
- आयु: 18–40 वर्ष
- मासिक अंशदान: ₹55 से ₹200
- केंद्र सरकार समान राशि का योगदान करती है (50:50)
🔹 उदाहरण:
यदि कोई व्यक्ति 29 वर्ष की आयु में योजना से जुड़ता है, तो:
- लाभार्थी योगदान: ₹100/माह
- सरकार का योगदान: ₹100/माह
🧾 पात्रता मापदंड (Eligibility Criteria)
आवेदक को निम्न शर्तें पूरी करनी होंगी:
- असंगठित श्रमिक होना चाहिए
- आयु 18 से 40 वर्ष के बीच
- मासिक आय ₹15,000 या उससे कम
- EPFO / ESIC / NPS का सदस्य न हो
- आयकर दाता न हो
❌ अपात्र व्यक्ति:
- संगठित क्षेत्र के कर्मचारी
- EPFO, ESIC, NPS के लाभार्थी
- आयकर दाता
👴 पेंशन लाभ
- 60 वर्ष की आयु के बाद ₹3000 प्रति माह सुनिश्चित पेंशन
- लाभार्थी की मृत्यु पर पति/पत्नी को 50% पारिवारिक पेंशन
🔗 अधिकारिक वेबसाइट लिंक
- 🌐 श्रम एवं रोजगार मंत्रालय – PM-SYM पेज (सरकारी साईट) – जानकारी और नीतियाँ
👉 https://labour.gov.in/pm-sym
🔄 योजना से बाहर निकलने पर लाभ
1️⃣ 10 वर्ष से पहले बाहर निकलने पर
- केवल लाभार्थी का योगदान
- बचत बैंक ब्याज दर के साथ वापसी
2️⃣ 10 वर्ष बाद लेकिन 60 वर्ष से पहले
- लाभार्थी का योगदान
- संचित ब्याज सहित वापसी
3️⃣ मृत्यु की स्थिति में
- पति/पत्नी योजना जारी रख सकते हैं
- या संचित राशि लेकर बाहर निकल सकते हैं
➡️ दोनों की मृत्यु के बाद राशि कोष में वापस चली जाती है।
🏛️ क्रियान्वयन व्यवस्था
- योजना का संचालन: श्रम और रोजगार मंत्रालय
- क्रियान्वयन: LIC और CSC के माध्यम से
- LIC:
- पेंशन फंड मैनेजर
- पेंशन भुगतान की जिम्मेदारी
❓ FAQs (SEO Friendly)
Q1. प्रधानमंत्री श्रम-योगी मानधन योजना कब शुरू हुई?
👉 वर्ष 2019 में
Q2. इस योजना में कितनी पेंशन मिलती है?
👉 ₹3000 प्रति माह (60 वर्ष के बाद)
Q3. क्या आयकर दाता इस योजना के पात्र हैं?
👉 नहीं
Q4. योजना का पेंशन फंड मैनेजर कौन है?
👉 भारतीय जीवन बीमा निगम (LIC)
🏁 निष्कर्ष
प्रधानमंत्री श्रम-योगी मानधन योजना असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों के लिए एक मजबूत सामाजिक सुरक्षा कवच प्रदान करती है। यह योजना न केवल वृद्धावस्था में आय सुनिश्चित करती है, बल्कि भारत सरकार की समावेशी विकास नीति को भी दर्शाती है।
YojanaVichar.com एक डिजिटल प्लेटफ़ॉर्म है जो भारत की केंद्र और राज्य सरकार की योजनाओं, कल्याण कार्यक्रमों और जन पहल से जुड़ी नवीनतम जानकारी और मार्गदर्शन प्रदान करता है। इसका उद्देश्य नागरिकों को सही व विश्वसनीय जानकारी देकर सशक्त बनाना है। यहाँ योजनाओं की पात्रता, लाभ, आवेदन प्रक्रिया और आधिकारिक सूचनाएँ सरल भाषा में उपलब्ध कराई जाती हैं। यह प्लेटफ़ॉर्म नियमित अपडेट और तथ्य-जाँच के साथ नागरिकों तक नीतिगत जानकारी पारदर्शिता से पहुँचाता है।


